महाराष्ट्र एफडीए का बड़ा एक्शन: 5 करोड़ रुपये का संदिग्ध सामान सील, पतंजलि गाय घी की हजारों लीटर खेप जब्त और 19 इकाइयों के लाइसेंस निलंबित
आदर्श सहारा टाइम्स
मुंबई। महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने राज्य भर में मिलावटखोरी और अमानक खाद्य पदार्थों के खिलाफ एक बड़ा और सख्त अभियान शुरू किया है। इस राष्ट्रव्यापी कार्रवाई के तहत एफडीए की उड़नदस्ता टीम ने विभिन्न छापों में प्रसिद्ध ब्रांड ‘पतंजलि गाय घी’ की हजारों लीटर खेप सहित 5 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के संदिग्ध खाद्य सामान को सील कर दिया है। इसके अलावा, खाद्य सुरक्षा मानकों और नियमों का गंभीर उल्लंघन करने वाली 19 निर्माण व प्रसंस्करण इकाइयों के लाइसेंस भी तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिए गए हैं।
प्रमुख बिंदु और कार्रवाई का ब्योरा:
5 करोड़ रुपये से अधिक की जब्ती: एफडीए अधिकारियों ने राज्य के कई गोदामों, डिपो और प्रोसेसिंग प्लांट्स पर अचानक छापेमारी की। जांच के दौरान संदिग्ध गुणवत्ता वाले तेल, घी, मसाले और अन्य खाद्य उत्पादों का बड़ा स्टॉक मिला, जिसकी कुल अनुमानित कीमत 5 करोड़ रुपये से अधिक है।
पतंजलि गाय घी की खेप सील: खाद्य सुरक्षा मानकों पर खरा न उतरने की आशंका के चलते एफडीए ने पतंजलि गाय घी के हजारों लीटर के स्टॉक को जब्त कर लिया है। इन सभी सामग्रियों के नमूने (सैंपल) लेबोरेटरी टेस्टिंग के लिए भेज दिए गए हैं।
19 इकाइयों के लाइसेंस सस्पेंड: कार्यस्थल पर अस्वच्छता, अप्रमाणित सामग्री के इस्तेमाल और एफएसएसएआई (FSSAI) के दिशानिर्देशों का पालन न करने के कारण 19 उत्पादक इकाइयों के लाइसेंस तुरंत रद्द/निलंबित कर दिए गए हैं।
प्रशासन का कड़ा रुख:
एफडीए के वरिष्ठ अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि आम जनता की सेहत के साथ खिलवाड़ करने वाले मिलावटखोरों और निर्माताओं के खिलाफ यह सख्त अभियान लगातार जारी रहेगा। प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के विरुद्ध अदालत में कड़ी कानूनी व आपराधिक कार्रवाई की जाएगी।
