गरीब और असहाय बच्चों के लिए वरदान बनी श्री संस्कार वाटिका न्यास
आदर्श सहारा टाइम्स
नैनी,प्रयागराज। नैनी क्षेत्र के इंदलपुर स्थित श्री संस्कार वाटिका न्यास आज हजारों गरीब, असहाय और शिक्षा से वंचित बच्चों के लिए उम्मीद की नई किरण बनकर उभरी है। संस्था पिछले पांच वर्षों से लगातार समाज के ऐसे बच्चों को खोजकर उन्हें निशुल्क शिक्षा उपलब्ध कराने का कार्य कर रही है, जो आर्थिक तंगी और पारिवारिक समस्याओं के कारण पढ़ाई से दूर हो जाते हैं।
संस्था का उद्देश्य केवल बच्चों को पढ़ाना ही नहीं, बल्कि उन्हें एक बेहतर जीवन देना भी है। न्यास के कार्यकर्ता गांव-गांव जाकर ऐसे जरूरतमंद बच्चों की पहचान करते हैं और फिर उनकी पढ़ाई-लिखाई, किताबें, कॉपी, ड्रेस तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था करते हैं। संस्था बच्चों के सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान देती है ताकि वे भविष्य में आत्मनिर्भर बन सकें।
संस्था के अध्यक्ष ने बताया कि समाज में आज भी कई ऐसे परिवार हैं, जिनके बच्चे गरीबी के कारण शिक्षा से वंचित रह जाते हैं। ऐसे बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ना ही संस्था का मुख्य उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि पिछले पांच वर्षों से लगातार यह अभियान चलाया जा रहा है और हजारों बच्चों को शिक्षा से जोड़ने में सफलता मिली है।
श्री संस्कार वाटिका न्यास केवल शिक्षा तक ही सीमित नहीं है, बल्कि जरूरतमंद बेटियों के विवाह में भी सहयोग कर रही है। संस्था द्वारा अब तक दो कन्याओं का निशुल्क विवाह कराया जा चुका है। विवाह में सभी आवश्यक व्यवस्थाएं संस्था की ओर से की गईं, जिससे गरीब परिवारों को बड़ी राहत मिली।
क्षेत्रीय लोगों ने संस्था के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे सामाजिक प्रयास समाज के लिए प्रेरणादायक हैं। लोगों का मानना है कि यदि इसी तरह समाज के सक्षम लोग आगे आएं तो कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित नहीं रहेगा। संस्था के इस मानवीय कार्य की क्षेत्र में खूब प्रशंसा हो रही है।
