उपमुख्यमंत्री पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 23वीं किस्त के ऑनलाइन अंतरण कार्यक्रम में हुए सम्मिलित
23वीं किस्त के ऑनलाइन अंतरण के साक्षी बने जनपद के जनप्रतिनिधि और कृषक
माननीय उपमुख्यमंत्री के द्वारा पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ प्राप्त करने वाले 15 प्रगतिशील किसानों को प्रमाण पत्र देकर किया गया सम्मानित
माननीय उपमुख्यमंत्री ने किसानों के साथ संवाद करते हुए सुनी उनकी समस्यायें
माननीय प्रधानमंत्री के द्वारा हुबली, पश्चिम बंगाल से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 23वीं किस्त ऑनलाइन अंतरण कार्यक्रम का सर्किट हाउस में हुआ सजीव प्रसारण
आदर्श सहारा टाइम्स
प्रयागराज । माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के द्वारा हुबली, पश्चिम बंगाल से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 23वीं किस्त ऑनलाइन पी.एफ.एम.एस. माध्यम से जारी करने के राष्ट्रव्यापी कार्यक्रम का सजीव प्रसारण शनिवार को में माननीय उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य की उपस्थिति में सर्किट हाउस सभागार में आयोजित कार्यक्रम में देखा व सुना गया।
जनपद स्तरीय कार्यक्रम में माननीय विधायक फाफामऊ गुरु प्रसाद मौर्य, जिला पंचायत अध्यक्ष डा0 वी0के0 सिंह, मुख्य विकास अधिकारी हर्षिका सिंह, महानगर अध्यक्ष भाजपा संजय गुप्ता, यमुनापार अध्यक्ष राजेश शुक्ला, गंगापार अध्यक्ष श्रीमती निर्मला पासवान तथा महामंत्रियों के साथ जनपद के सम्मानित कृषकों ने भारी संख्या में प्रतिभाग किया।
कार्यक्रम में माननीय उपमुख्यमंत्री के द्वारा योजना का लाभ प्राप्त करने वाले 15 प्रगतिशील किसानों को प्रमाण पत्र (सर्टिफिकेट) देकर सम्मानित किया गया।
माननीय उपमुख्यमंत्री जी ने सर्किट हाउस सभागार में आयोजित कार्यक्रम में किसानों के साथ संवाद भी किया तथा उनकी समस्याओं के बारे में भी जानकारी ली। कार्यक्रम में माननीय उपमुख्यमंत्री जी ने कहा कि सरकार की कृषि से सम्बंधित योजनाओं का मुख्य उद्देश्य किसानों का लाभ सुनिश्चित करना है। उन्होंने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के महत्त्व तथा इसकी उपयोगिता की भूरि-भूरि प्रशंसा की तथा जो पात्र किसान अभी भी योजना के लाभ से वंचित है, उन्हें चिन्हित कर योजना से लाभान्वित कराये जाने के लिए कहा है। उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित कृषकों से किसान क्रेडिट कार्ड का लाभ उठाने, दुग्ध विकास की योजनाओं से जुड़ने तथा मृदा स्वास्थ्य कार्ड अवश्य बनवाये जाने तथा मृदा परीक्षण प्रमाणपत्र के अनुसार ही फसलों का चयन किए जाने की लोगो से अपील की। उन्होंने फसलों की क्षति होने पर फसल बीमा योजना से फसल क्षतिपूर्ति कराये जाने के लिए कहा है। उन्होंने विशेष रूप से जोर देते हुए कहा कि किसान भाई रासायनिक खादों के अंधाधुंध उपयोग के स्थान पर जैविक कृषि को अपनाएं और उसे बढ़ावा दें तथा रासायनिक खादों, कीटनाशकों का उपयोग कम से कम करें, जिससे भूमि की उर्वरता बनी रहे और फसल की उत्पादकता भी अच्छी हो।
माननीय उपमुख्यमंत्री ने कृषकों से संवाद करते हुए कहा कि गंगा जी के कछार में प्रतिवर्ष बाढ़ के कारण मिट्टी नवीन व उपजाऊ हो जाती है, जिसमें किसी भी प्रकार की रासायनिक खाद की आवश्यकता नहीं होती है। इसलिए इस क्षेत्र में हो रही खेती में किसी प्रकार की रासायनिक खाद का उपयोग न करें तथा उप निदेशक कृषि को कृषि से इस कछार क्षेत्र में हो रही खेती को प्राकृतिक खेती के रूप में वर्गीकृत करने के लिए कहा है।
कार्यक्रम में माननीय उपमुख्यमंत्री ने बाढ़ के पश्चात कछार क्षेत्र में जमीन कब्जा करने वाले सक्रिय भूमाफियाओं के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करने के लिए कहा है। उन्होंने उप निदेशक कृषि से किसानों को जागरूक करते हुए विद्युत से संचालित नलकूपों को पीएम कुसुम योजना के तहत सोलर पम्प के रूप में परिवर्तित कराये जाने के लिए कहा है। उन्होंने उपस्थित लोगो से पीएम सूर्यघर योजना के तहत कनेक्शन कराकर योजना का लाभ उठाने के लिए कहा है।
इस अवसर पर वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों के साथ उप निदेशक कृषि, जिला कृषि अधिकारी तथा बड़ी संख्या में किसान भाई उपस्थित रहे।
