मेजा ऊर्जा निगम (प्रा.) लिमिटेड (एमयूएनपीएल) द्वारा ‘ग्राम विकास सलाहकार समिति’ की बैठक संपन्न
आदर्श सहारा टाइम्स
मेजा, प्रयागराज। मेजा ऊर्जा निगम (प्रा.) लिमिटेड (एमयूएनपीएल) द्वारा आज निगम परिसर में ‘ग्राम विकास सलाहकार समिति’ की बैठक का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता प्रयागराज की मुख्य विकास अधिकारी (IAS) श्रीमती हर्षिका सिंह ने की। कार्यक्रम के शुभारंभ पर एमयूएनपीएल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री जी श्रीनिवास राव ने मुख्य अतिथि, जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों एवं विभिन्न ग्रामों से आए ग्राम प्रधानों का आत्मीय स्वागत किया। इस बैठक का प्राथमिक उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों का समग्र विकास, सामाजिक कल्याण योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन और स्थानीय समुदाय की जमीनी आवश्यकताओं को समझना था।
एमयूएनपीएल के अपर महाप्रबंधक (मानव संसाधन) श्री विवेक चन्द्र ने समिति की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि निगम अपने प्रभावित और निकटवर्ती क्षेत्रों के उत्थान के लिए सतत रूप से कार्य कर रहा है। उन्होंने क्षेत्र के सर्वांगीण विकास के लिए सभी जनप्रतिनिधियों से सक्रिय सहयोग की अपील की।
बैठक के दौरान एक खुला संवाद स्थापित किया गया, जिसमें शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छ पेयजल, स्वच्छता, पशुधन समृद्धि, कौशल विकास एवं रोजगार जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई। नैगम सामाजिक दायित्व (CSR) के तहत संचालित परियोजनाओं की प्रगति साझा की गई और भविष्य की योजनाओं के लिए जिला प्रशासन एवं ग्राम प्रधानों से बहुमूल्य सुझाव आमंत्रित किए गए।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री जी श्रीनिवास राव ने अपने संबोधन में कहा कि मेजा ऊर्जा निगम विद्युत उत्पादन के साथ-साथ अपने प्रभावित और निकटवर्ती क्षेत्रों के सामाजिक-आर्थिक विकास के लिए पूरी तरह समर्पित है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि निगम केंद्र एवं राज्य सरकार के कल्याणकारी अभियानों में जिला प्रशासन को हर संभव सहयोग प्रदान करेगा। मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती हर्षिका सिंह ने निगम द्वारा विगत वर्षों में किए गए सामुदायिक विकास कार्यों की सराहना की और शासन द्वारा संचालित गतिविधियों में निरंतर सहभागिता बनाए रखने का आह्वान किया।
इस बैठक में उप जिलाधिकारी (मेजा), खंड विकास अधिकारी, खंड शिक्षा अधिकारी, अधीक्षक (सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र), उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी सहित विभिन्न ग्रामों के प्रधान और निगम के वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित रहे। इस बैठक के माध्यम से निगम और ग्रामीण समुदाय के बीच विमर्श एवं सहयोग को नई गति मिलेगी, जो ‘आत्मनिर्भर ग्राम’ की अवधारणा को साकार करने हेतु अत्यंत महत्वपूर्ण है।
