जिलाधिकारी ने चकबंदी कार्यों की समीक्षा की
चकबन्दी प्रकिया बाधित वाले ग्रामों में चकबन्दी अधिकारी एवं तहसीलदार संयुक्त बैठक कर गतिरोध दूर कर ग्राम की चकबन्दी प्रकिया पूर्ण करायें-जिलाधिकारी
जिलाधिकारी ने 10 वर्ष से अधिक समय से लम्बित ग्रामों में प्राथमिकता के आधार पर चकबन्दी कार्य को पूर्ण कराये जाने के दिए निर्देश
लम्बित वादों के अतिशीघ्र निस्तारण हेतु किया निर्देशित
आदर्श सहारा टाइम्स
प्रयागराज । जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा की अध्यक्षता में शुक्रवार को संगम सभागार में चकबंदी कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में बताया गया कि वर्तमान में जनपद में कुल 45 ग्राम चकबंदी प्रक्रिया के अन्तर्गत गतिमान है, इनमें 6 ग्राम 10 वर्ष से अधिक समय से लम्बित है। हण्डिया तहसील के ग्राम बठौली में 1996 से जनविरोध के कारण चकबन्दी कार्य बढ़ाया जाना सम्भव नहीं हो पा रहा है। उपजिलाधिकारी, एसओसी ,तहसीलदार एवं चकबन्दी अधिकारी को निर्देशित किया गया कि संबंधित ग्राम में बैठक कर चकबन्दी कार्य को आगे बढ़ाये अथवा धारा 6 (1) हेतु प्रस्ताव प्रस्तुत करें। उन्होंने कहा कि जिन ग्रामों में चकबन्दी प्रकिया बाधित है, वहां चकबन्दी अधिकारी एवं तहसीलदार संयुक्त बैठक कर गतिरोध दूर कर संबंधित ग्राम की चकबन्दी प्रकिया पूर्ण करायें।
जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि 10 वर्ष से अधिक समय से लम्बित ग्रामों में प्राथमिकता के आधार पर चकबन्दी कार्य पूर्ण कराया जाये। उन्होंने तहसीलदार को निर्देशित किया कि जनविरोध वाले ग्रामों में संयुक्त भ्रमण कर ग्राम सभा की आराजियों पर हुए अवैध अतिक्रमण को मुक्त कराया जाये। बैठक में बताया गया कि प्रायः ग्राम सभा की भूमि पर काबिज व्यक्तियों द्वारा ही चकबन्दी प्रक्रिया को आगे बढ़ाने में अवरोध उत्पन्न किया जाता है, ऐसे आवांछित व्यक्तियों को चिन्हित किये जाने की आवश्यकता है।
जनपद में 6 ग्रामों में कब्जा परिवर्तन की कार्यवाही होनी है, जिसमें से ग्राम गोबरा हेवार की सीमांकन पूर्ण कर लिया गया है तथा ग्राम रैदेपुर तहसील फूलपुर में विरोध के कारण सीमांकन कार्य बाधित है। शेष 4 ग्राम में सीमांकन कार्य सुचारू रूप से गतिमान है। जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी फूलपुर को निर्देशित किया कि चकबन्दी विभाग से समन्वय स्थापित कर गतिरोध दूर करायें। उन्होंने सभी उपजिलाधिकारियों को निर्देशित किया कि कब्जा परिवर्तन वाले ग्रामों में भ्रमण करते हुए सुचारू रूप से कार्य सम्पन्न करायें। चकबन्दी न्यायालय में माह मई तक 03 वर्ष से अधिक समय से लम्बित 844 वाद है। शासन की मंशा के अनुरूप लम्बित वादों को अतिशीघ्र निस्तारण हेतु निर्देशित किया गया। शिथिलता बरतने वाले अधिकारियों के विरूद्ध कार्यवाही हेतु डीडीसी को निर्देशित किया गया।
